घर में सुख समृद्धि में वृद्धि के लिए रखें ये… वस्तुएं

0

फेंगशुई, वस्तुतः चीन की वास्तुशास्त्र और सौन्दर्यशास्त्र की पद्धति है। चीनी परंपरा के अनुसार, मान्यता है कि स्वर्ग और धरती दोनों की सकारात्मक ऊर्जा “ची” का प्रयोग कर जीवन में समृद्धि और सफलता प्राप्त की जा सकती है। फेंगशुई में वर्णित ऐसी वस्तुओं के बारे में जानते हैं, जिनको घर में रखने से सुख, समृद्धि और सौभाग्य में वृद्धि होती है। आइए जानते हैं इनके बारे में।

1. बैम्बू प्लांट या बांस का पौधा

फेंगशुई में बैम्बू प्लांट या बांस के पौधे को सौभाग्य सूचक माना गया है। बांस के पौधे में बहुत तेजी से वृद्धि होती है, इसलिए इसे विकास और उन्नति का प्रतीक माना जाता है। घर के पूर्वी भाग में बांस का पौधा रखना सौभाग्य में वृद्धि लाता है। इसके आलावा बांस का पौधा ऑफिस में रखने से व्यापार में भी तरक्की मिलती है। बांस के पौधे को पानी के पात्र में लाल रिबन बांधकर रखना चाहिए।

2. लाफिंग बुद्धा

फेंगशुई में वर्णित लाफिंग बुद्धा को खुशहाली और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। व्यापार स्थल पर लाफिंग बुद्धा की मूर्ति रखने से व्यापार में वृद्धि होती है। रुपए-पैसे की आवक बनी रहती है। घर में लाफिंग बुद्धा की मूर्ति रखना सुख और शांति दायक होता है।

3. कछुआ

कछुए को फेंगशुई में सौभाग्य और समृद्धिदायक माना जाता है। ऐसी मान्यता है कि अगर कछुए की मूर्ति को अपने ऑफिस की उत्तर दिशा में रखना तरक्की लाता है। इसके अलावा व्यापार में वृद्धि और सम्पन्नता के लिए कछुए की अंगूठी पहनना लाभदायक होता है।Photo of घर में सुख समृद्धि में वृद्धि के लिए रखें ये… वस्तुएं

4. मछली या एक्वेरियम

मछलियां गतिशील होती हैं, इस कारण फेंगशुई में इन्हें सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक माना जाता है। फेंगशुई के अनुसार, घर में मछली या एक्वेरियम को रखना घर की सकारात्मकता में वृद्धि लाता है।

5. विंड चाइम

विंड चाइम, हवा से ध्वनि उत्पन्न करने वाली घंटियां होती हैं। फेंगशुई में विंड चाइम को घर में पॉजिटिविटी लाने वाला माना जाता है। बेडरूम में 6 छड़ की विंड चाइम लगानी चाहिए, जबकि घर के मेन गेट पर 9 छड़ की विंड चाइम लगाना अच्छा होता है।

, बिहार, मुजफ्फरपुर, पूर्वी चंपारण, कानपुर, दरभंगा, समस्तीपुर, नालंदा, पटना, मुजफ्फरपुर, जहानाबाद, पटना, नालंदा, अररिया, अरवल, औरंगाबाद, कटिहार, किशनगंज, कैमूर, खगड़िया, गया, गोपालगंज, जमुई, जहानाबाद, नवादा, पश्चिम चंपारण, पूर्णिया, पूर्वी चंपारण, बक्सर, बांका, बेगूसराय, भागलपुर, भोजपुर, मधुबनी, मधेपुरा, मुंगेर, रोहतास, लखीसराय, वैशाली, शिवहर, शेखपुरा, समस्तीपुर, सहरसा, सारण सीतामढ़ी, सीवान, सुपौल, बिहार, मुजफ्फरपुर, पूर्वी चंपारण, कानपुर, दरभंगा, समस्तीपुर, नालंदा, पटना, मुजफ्फरपुर, जहानाबाद, पटना, नालंदा, अररिया, अरवल, औरंगाबाद, कटिहार, किशनगंज, कैमूर, खगड़िया, गया, गोपालगंज, जमुई, जहानाबाद, नवादा, पश्चिम चंपारण, पूर्णिया, पूर्वी चंपारण, बक्सर, बांका, बेगूसराय, भागलपुर, भोजपुर, मधुबनी, मधेपुरा, मुंगेर, रोहतास, लखीसराय, वैशाली, शिवहर, शेखपुरा, समस्तीपुर, सहरसा, सारण सीतामढ़ी, सीवान, सुपौल,

Leave A Reply

Your email address will not be published.


Notice: ob_end_flush(): failed to send buffer of zlib output compression (1) in /home/updarpan/public_html/namonamo.in/wp-includes/functions.php on line 5107

Notice: ob_end_flush(): failed to send buffer of zlib output compression (1) in /home/updarpan/public_html/namonamo.in/wp-includes/functions.php on line 5107